Sunday, 12 July 2026 | Lucknow | 29°C

मेरठ में 800 करोड़ का ज्वैलरी पार्क, मुकुट जैसी इमारत और झुमके जैसा होगा प्रवेश द्वार

योगी सरकार की योजना से मेरठ के सराफा कारोबार को मिलेगी नई पहचान, एक ही परिसर में उपलब्ध होंगी आधुनिक सुविधाएं
Bureau
Bureau News Desk
17 Jun 2026
05:07 PM
1 min read
मेरठ में 800 करोड़ का ज्वैलरी पार्क, मुकुट जैसी इमारत और झुमके जैसा होगा प्रवेश द्वार
हाइलाइट्स
योगी सरकार की योजना से मेरठ के सराफा कारोबार को मिलेगी नई पहचान, एक ही परिसर में उपलब्ध होंगी आधुनिक सुविधाएं

 

उत्तर प्रदेश सरकार ने मेरठ के सराफा कारोबार को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। इसके तहत वेदव्यासपुरी क्षेत्र में करीब 800 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक ज्वैलरी पार्क विकसित किया जाएगा। इस परियोजना के निर्माण की जिम्मेदारी मेरठ विकास प्राधिकरण को सौंपी गई है। हाल ही में एमडीए के अधिकारियों ने पीएल शर्मा मैदान के पास स्थित एक सभागार में व्यापारियों के सामने इस परियोजना का मॉडल प्रस्तुत किया, जिसमें पार्क की डिजाइन और सुविधाओं की जानकारी दी गई।

 

प्रस्तावित ज्वैलरी पार्क की सबसे खास बात इसका वास्तुशिल्प है। पार्क की मुख्य इमारत को मुकुट की आकृति में डिजाइन किया गया है, जबकि इसका प्रवेश द्वार झुमके के आकार का होगा। इस विशेष डिजाइन को सराफा उद्योग की पहचान से जोड़कर तैयार किया गया है।

 

वेदव्यासपुरी में लगभग 36 हजार वर्गमीटर भूमि पर इस परियोजना को विकसित किया जाएगा। पार्क में ज्वैलरी कारोबार से जुड़ी विभिन्न गतिविधियों के लिए अलग-अलग सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। यहां शोरूम, थोक व्यापार केंद्र, उत्पादन इकाइयां, कारीगर कार्यशालाएं, प्रदर्शनी स्थल, बैंकिंग सुविधाएं और साझा सेवा केंद्र स्थापित किए जाएंगे। साथ ही विभिन्न व्यापारिक खंडों के लिए अलग-अलग प्रवेश व्यवस्था भी प्रस्तावित की गई है।

 

 

परियोजना में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने पर विशेष ध्यान दिया गया है। इसके अलावा खरीदारों और विक्रेताओं के लिए ठहरने की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे व्यापारिक गतिविधियों को और अधिक सुविधा मिल सके।

 

व्यापारिक संगठनों का मानना है कि ज्वैलरी पार्क के निर्माण से मेरठ के आभूषण उद्योग को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिल सकती है। इससे उत्पादन क्षमता बढ़ने के साथ-साथ निर्यात को भी प्रोत्साहन मिलेगा। इसके अलावा रोजगार के नए अवसर सृजित होने की संभावना भी जताई जा रही है।

 

अधिकारियों ने परियोजना की संरचना, उपलब्ध सुविधाओं, भूखंड आवंटन प्रक्रिया, प्रस्तावित दरों और व्यापारिक संभावनाओं की जानकारी व्यापारियों के साथ साझा की। इस दौरान व्यापारियों ने भी अपनी जिज्ञासाओं से जुड़े सवाल पूछे। फिलहाल कारोबारियों की नजर भूखंड आवंटन और प्रस्तावित दरों पर टिकी हुई है।

Explore Related Topics

मेरठ ज्वैलरी पार्क योगी सरकार 800 करोड़ ज्वैलरी पार्क मेरठ सराफा कारोबार वेदव्यासपुरी ज्वैलरी पार्क मेरठ विकास प्राधिकरण ज्वैलरी पार्क डिजाइन

 

टिप्पणियाँ

टिप्पणी करने के लिए लॉगिन करें

इस खबर को खबर पढ़ने के लिए आपका धन्यवाद

ऐसी ही खबरों के लिए निचे स्क्रॉल करें

या होम पेज पर लेटेस्ट न्यूज़ पढ़ने के लिए क्लिक करें →

Related News